Saturday, 31 October, 2009

कनस्तर में आटा

---- चुटकी-----

जब से
ख़त्म हुआ है
कनस्तर में आटा,
तब से
पसरा हुआ है
घर में सन्नाटा।

3 comments:

पी.सी.गोदियाल "परचेत" said...

बहुत खूब,

Randhir Singh Suman said...

जब से
ख़त्म हुआ है
कनस्तर में आटा,
तब से
पसरा हुआ है
घर में सन्नाटा।nice

शरद कोकास said...

इस से पहले कि बीवी करे टाटा ...बाकि आप खुद समझ दार है ।
शरद कोकास "पुरातत्ववेत्ता " http://sharadkokas.blogspot.com